स्वार्थ हेतु हज़ारों -हजार पेड़ों पर,हिंसा करता रहा जो मनुष्य
https://ae-pal.com/
पृथ्वी दिवस पर कह रहा, लगाओ पेड़ ताकि उज्ज्वल हो भविष्य।
अपर्णा शर्मा
April22nd,25
डायरी का पन्ना
याद है वो डायरी का पन्ना
जो जिया गया पर कभी लिखा न गया।
https://ae-pal.com/
कोरा है वो डायरी का पन्ना
जो यादों से लिख कर हमेशा जिया गया।
अपर्णा शर्मा
April15th,25
पहेली
जटिल समस्या के समाधान, कभी सरल नहीं
सुलगते सवालों के बुझे से जवाब दिखे हर कहीं ।
https://ae-pal.com/
जिंदगी ऐसे ही, विलोम शब्दों की पहेली रही
मौत को धोखे में रख कर, जिंदगी जीती रही।
अपर्णा शर्मा
April8th,25
